मुख्य सामग्री पर जाएँ
रविवार, 23 अगस्त 2026
ब्रेकिंग

एनएसडीसी और मध्यप्रदेश शासन के मध्य हुआ ऐतिहासिक एमओयू

भोपाल

राज्यमंत्री कृष्ण गौर ने कहा है कि एनएसडीसी और मध्यप्रदेश शासन के मध्य हुआ यह एमओयू मध्यप्रदेश के पिछड़ा वर्ग के प्रतिभावान युवाओं को वैश्विक पटल पर स्थापित करने और उन्हें अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर स्वावलंबन व गरिमापूर्ण रोजगार उपलब्ध कराने की दिशा में एक संकल्पबद्ध एवं युगगामी कदम है," यह बात पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) कृष्णा गौर ने मध्य प्रदेश शासन तथा नेशनल स्किल डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन (NSDC) के मध्य हस्ताक्षरित समझौता ज्ञापन (MoU) को लेकर कही। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार युवाओं को केवल पारंपरिक कौशल ही प्रदान नहीं कर रही, अपितु सोशल स्टॉक एक्सचेंज के माध्यम से वित्तीय प्रबंधन का यह नवोन्मेषी प्रयोग न केवल वित्तीय पारदर्शिता और परिणाम-उन्मुख कार्यसंस्कृति को सुदृढ़ करेगा, बल्कि देश के अन्य राज्यों के लिए भी एक अनुकरणीय उदाहरण प्रस्तुत करेगा। हमारा ध्येय प्रदेश के प्रत्येक युवा को आत्मनिर्भर बनाकर वैश्विक प्रतिस्पर्धा में सशक्त बनाना है।

देश के कौशल विकास मंत्रियों की कोलकाता में आयोजित क्षेत्रीय कॉन्फ्रेंस में हस्ताक्षरित इस महत्वाकांक्षी परियोजना के अंतर्गत प्रदेश के अन्य पिछड़ा वर्ग के 600 युवाओं को सॉफ्ट स्किल्स, विशिष्ट व्यावसायिक कौशल (Domain Specific Skill) तथा संबंधित देशों की भाषाओं का गहन प्रशिक्षण प्रदान कर जापान (300 युवा) एवं जर्मनी (300 युवा) भेजा जाएगा। इस विभागीय परियोजना की सबसे बड़ी विशेषता इसका सोशल स्टॉक एक्सचेंज के माध्यम से वित्तीय प्रबंधन किया जाना है, जो प्रदेश की पहली 'सोशल इम्पैक्ट बॉन्ड' (SIB) आधारित अभिनव पहल है। परियोजना अंतर्गत कुल प्रशिक्षण शुल्क का 35 प्रतिशत भाग सोशल स्टॉक एक्सचेंज के माध्यम से प्रबंधित किया जाएगा, जबकि 50 प्रतिशत भाग राज्य सरकार द्वारा तथा शेष 15 प्रतिशत राशि संबंधित OBC हितग्राही द्वारा वहन की जाएगी। पूर्णतः परिणाम-आधारित (Outcome-Based) इस योजना में राज्य सरकार द्वारा NSDC को 50 प्रतिशत राशि का भुगतान केवल उसी स्थिति में किया जाएगा, जब संबंधित युवा सफलतापूर्वक विदेश में रोजगार प्राप्त कर लेगा; अन्यथा राज्य शासन पर कोई वित्तीय भार देय नहीं होगा।

 

शेयर करें: WhatsApp Facebook X Telegram

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *